ब्यूरो रिपोर्ट/रामेश्वर त्रिपाठी/ठूठीबारी
महराजगंज जनपद के भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र सोनौली में नशीली दवाओं की तस्करी का एक और मामला सामने आने से हड़कंप मच गया है। लगातार बढ़ रही तस्करी की घटनाओं के बीच पुलिस ने सतर्कता दिखाते हुए बड़ी कार्रवाई की है।
8 अप्रैल की देर रात सोनौली थाना पुलिस गश्त और सघन चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान एक संदिग्ध युवक को रोककर तलाशी ली गई, जिसमें उसके पास से 11 ग्राम स्मैक (हेरोइन) बरामद हुई। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसकी पहचान शिव यादव के रूप में हुई है, जो स्थानीय निवासी बताया जा रहा है।
खुली सीमा बना तस्करों का आसान रास्ता
भारत-नेपाल की खुली सीमा का फायदा उठाकर तस्कर लंबे समय से नशीले पदार्थों की तस्करी को अंजाम दे रहे हैं। हाल के दिनों में लगातार हो रही बरामदगियों से यह साफ संकेत मिल रहा है कि यह कोई छोटी-मोटी गतिविधि नहीं, बल्कि एक सुनियोजित और संगठित नेटवर्क है जो सीमा के दोनों ओर सक्रिय है।
कड़ी कार्रवाई, नेटवर्क की तलाश जारी
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि इस पूरे गिरोह की गहराई से जांच की जा रही है और इससे जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश तेज कर दी गई है।
समाज के लिए बड़ा खतरा
विशेषज्ञों का मानना है कि नशे का यह फैलता जाल केवल कानून-व्यवस्था की चुनौती नहीं, बल्कि समाज के लिए गंभीर खतरा है। खासकर युवाओं को निशाना बनाकर फैलाया जा रहा यह नशा आने वाले समय में भयावह रूप ले सकता है।
अब निगाहें प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं—क्या इस बार नशे के इस तिलिस्मी नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सकेगा, या फिर यह अवैध कारोबार यूं ही फलता-फूलता रहेगा?