ब्यूरो रिपोर्ट/ मोहम्मद अकरम खान/इंडो नेपाल
ठूठीबारी (महराजगंज) से नेपाल जाने वाले भारतीय वाहन चालकों के लिए अब सतर्क रहने का समय है। नेपाल सरकार ने विदेशी नंबर प्लेट वाले वाहनों के प्रवेश और संचालन को लेकर सख्त नियम लागू कर दिए हैं। जरा सी लापरवाही भारी आर्थिक नुकसान और वाहन जब्ती तक का कारण बन सकती है।
नए प्रावधानों के अनुसार, नेपाल में प्रवेश करते ही हर भारतीय वाहन को सीमा शुल्क परमिट लेना अनिवार्य होगा। बिना परमिट प्रवेश करना सीधे कार्रवाई को न्योता देना है।
कितना देना होगा शुल्क?
नेपाल में वाहन चलाने के लिए प्रतिदिन शुल्क तय किया गया है!
दोपहिया (बाइक/स्कूटर): ₹200 प्रतिदिन
कार/जीप/वैन: ₹600 प्रतिदिन
तीन पहिया वाहन: ₹400 प्रतिदिन
30 दिन की सख्त सीमा
विदेशी वाहन एक वित्तीय वर्ष में अधिकतम 30 दिन ही नेपाल में रह सकते हैं। यह अवधि एक साथ या अलग-अलग हिस्सों में इस्तेमाल की जा सकती है।
सीमा पार की तो पड़ेगा भारी!
यदि तय समय से ज्यादा वाहन नेपाल में पाया गया—
दोपहिया: ₹1,200 प्रतिदिन जुर्माना
अन्य वाहन: ₹2,500 प्रतिदिन जुर्माना
बिना परमिट 7 दिन से ज्यादा रुके तो सीधा जब्ती!
अगर कोई वाहन बिना सीमा शुल्क चुकाए 7 दिन से ज्यादा नेपाल में मिला, तो उसे पूरी तरह जब्त किया जा सकता है।
बिना अनुमति प्रवेश पर भी कार्रवाई!
नेपाल के कानून के मुताबिक बिना अनुमति पकड़े जाने पर ₹5,000 नेपाली रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है।
एक दिन की राहत, लेकिन शर्तों के साथ।
यदि कोई वाहन सीमा से लगे मलंगवा बाजार (सर्लाही) तक जाकर उसी दिन लौट आता है, तो शुल्क नहीं लगेगा।
लेकिन इसके लिए भी सीमा शुल्क कार्यालय से प्रमाण पत्र लेना जरूरी है।
यात्रा से पहले ये जरूर करें:
सभी जरूरी दस्तावेज और परमिट तैयार रखें
तय समय सीमा का सख्ती से पालन करें
वापसी की योजना पहले से तय करें
बिना परमिट सीमा पार करने की गलती न करें
अब नेपाल यात्रा पहले जितनी आसान नहीं रही। नियमों की अनदेखी सीधे जेब पर भारी पड़ेगी और वाहन भी हाथ से जा सकता है। इसलिए सीमा पार करने से पहले पूरी तैयारी और जानकारी के साथ ही निकलें, वरना मुश्किल तय है।