ब्यूरो रिपोर्ट /राकेश त्रिपाठी मिठौरा
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सिन्दुरियां (महराजगंज)। विकास खंड मिठौरा क्षेत्र के ग्राम सभा सिंदुरिया निवासी रिंकू गुप्ता द्वारा ग्राम सभा खजुरिया में मनरेगा कार्यों को लेकर की गई शिकायत अब विवादों में घिरती नजर आ रही है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि संबंधित अधिकारियों ने शिकायत के निस्तारण में गंभीर लापरवाही बरतते हुए तथ्यों की अनदेखी की और गलत जानकारी दर्ज कर मामले को औपचारिक रूप से निपटा दिया।
जानकारी के अनुसार, रिंकू गुप्ता ने स्वयं लिखित प्रार्थना पत्र देकर मनरेगा कार्यों में अनियमितता की शिकायत दर्ज कराई थी। लेकिन जब निस्तारण रिपोर्ट सामने आई तो उसमें शिकायतकर्ता का पता ही बदल दिया गया। रिपोर्ट में उन्हें ग्राम सभा मुझहना बुजुर्ग का निवासी दर्शाया गया, जबकि वह वास्तव में ग्राम सभा सिंदुरिया के निवासी हैं। इसे लेकर शिकायतकर्ता ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं।
शिकायतकर्ता का यह भी कहना है कि उन्होंने 10 जनवरी को चल रही मस्टर रोल (हाजिरी रजिस्टर) से संबंधित अनियमितताओं की शिकायत की थी। आरोप है कि अधिकारियों ने जांच में 10 फरवरी की मस्टर रोल का उल्लेख कर मामले को निपटा दिया, जो कि शिकायत से पूरी तरह असंबंधित है। इससे यह आशंका जताई जा रही है कि मामले की सही तरीके से जांच किए बिना ही निस्तारण कर दिया गया।
इस पूरे प्रकरण को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल गर्म है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि एक साधारण शिकायत के निस्तारण में भी इस तरह की गड़बड़ियां सामने आ रही हैं तो यह प्रशासनिक व्यवस्था की पारदर्शिता पर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।
फिलहाल ग्रामीणों और शिकायतकर्ता की निगाहें अब उच्चाधिकारियों पर टिकी हुई हैं। लोगों का मानना है कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाती है तो सच्चाई सामने आ सकती है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई भी संभव है।