रिपोर्ट नरसिंह उपाध्याय
महराजगंज/ठूठीबारी: जिले में पुलिस महकमे के भीतर हो रहे प्रशासनिक फेरबदल के बीच अब आम से लेकर खास तक सबकी निगाहें ठूठीबारी थाने पर टिकी हुई हैं। थाने के प्रभारी से लेकर एक विशेष आरक्षी की लंबी और अनवरत तैनाती इस समय जिले के राजनीतिक व प्रशासनिक गलियारों में सुर्खियां बटोर रही है।
स्थानांतरण सूची में नाम होने के बावजूद नहीं हटे थानाध्यक्ष:
बीते जुलाई माह में पुलिस विभाग की ओर से जारी फेरबदल की सूची में ठूठीबारी थानाध्यक्ष अमित सिंह का नाम भी शामिल था, जिन्हें गैर जनपदीय स्थानांतरित किया गया था। उस वक्त यह कयास लगाए जा रहे थे कि श्रावण मास में इटहिया शिव मंदिर के भव्य मेले और श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर थाना परिसर में बने मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा संपन्न होने के बाद वे कार्यमुक्त हो जाएंगे। लेकिन, इन आयोजनों के बीत जाने के बाद भी थानाध्यक्ष साहब के पद पर बने रहने से कई तरह की चर्चाएं तैर रही हैं।
एक ही थाने में चार साल का लंबा कार्यकाल:
दूसरी ओर, इसी थाने में तैनात आरक्षी (कारखास) बलवंत यादव की स्थिति भी कम दिलचस्प नहीं है। विभागीय जानकारी के अनुसार, वे लगभग दो वर्षों तक पीआरवी 112 में सेवाएं देने के बाद पिछले करीब दो साल से सीधे थाने में आरक्षी के रूप में जमे हुए हैं। इस प्रकार, एक ही थाने में उनका यह कुल चार साल का कार्यकाल विभागीय नियमों और चर्चाओं के केंद्र में आ गया है।
प्रशासनिक स्तर पर होने वाले फेरबदल के बीच ठूठीबारी थाने की यह स्थिति अब क्षेत्र में आम चर्चा का विषय बन चुकी है।