*यूपीपीसीएस टॉपर एसडीएम सिद्धार्थ गुप्ता की कार्यशैली बनी चर्चा का विषय, अवैध कारोबारियों पर लगातार कसे जा रहे शिकंजे।*

Bureau Report/ Rakesh Tripathi /Nichlaul News 18 Plus /Chief Editor 

 

महराजगंज। निचलौल तहसील के उपजिलाधिकारी (एसडीएम) सिद्धार्थ गुप्ता इन दिनों अपनी सक्रिय प्रशासनिक कार्यशैली और त्वरित निर्णय क्षमता के चलते जिले में चर्चा का केंद्र बने हुए हैं। यूपीपीसीएस-2023 परीक्षा में प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त कर प्रशासनिक सेवा में नया कीर्तिमान स्थापित करने वाले सिद्धार्थ गुप्ता ने 26 अगस्त 2025 को निचलौल में एसडीएम पद का कार्यभार ग्रहण किया था।

 

प्रशासनिक सेवा में आने से पहले वे बिजनौर जनपद में नायब तहसीलदार के पद पर कार्यरत रहे। वर्ष 2022 की यूपीपीसीएस परीक्षा में उन्होंने सातवीं रैंक हासिल की थी, जिसके बाद अप्रैल 2023 में उनकी नियुक्ति नायब तहसीलदार के रूप में हुई। हालांकि उन्होंने यहीं रुकने के बजाय अपनी तैयारी जारी रखी और यूपीपीसीएस-2023 में प्रदेश टॉपर बनकर एसडीएम पद हासिल किया।

 

निचलौल में कार्यभार ग्रहण करने के बाद से ही एसडीएम सिद्धार्थ गुप्ता ने शासन की प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों को गति देने का काम किया। विशेष रूप से स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) तथा फार्मर रजिस्ट्री जैसे महत्वपूर्ण अभियानों में निचलौल तहसील का प्रदर्शन जिले में उल्लेखनीय रहा। उनके नेतृत्व में प्रशासनिक मशीनरी ने निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने में सफलता प्राप्त की।

 

इसके साथ ही क्षेत्र में संचालित अवैध गतिविधियों पर भी उन्होंने सख्त रुख अपनाया। जिलाधिकारी के निर्देशन में विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर डीजल-पेट्रोल के अवैध कारोबार पर प्रभावी कार्रवाई की गई, जिससे अवैध व्यापार में संलिप्त तत्वों के बीच हड़कंप मच गया। प्रशासन की लगातार निगरानी और कार्रवाई के कारण ऐसे कारोबारियों की गतिविधियों पर काफी हद तक अंकुश लगा है।

 

सूत्रों के अनुसार निचलौल क्षेत्र में वन संपदा एवं अन्य बहुमूल्य संसाधनों से जुड़े अवैध कारोबारों पर भी प्रशासन की पैनी नजर बनी हुई है। इस संबंध में जब न्यूज़ 18प्लस टीम ने एसडीएम सिद्धार्थ गुप्ता से बातचीत की तो उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिला प्रशासन हर गतिविधि पर गंभीरता से नजर रखे हुए है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अवैध कारोबार में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा तथा जल्द ही ऐसे मामलों का खुलासा कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

 

अपने शांत स्वभाव, कड़े प्रशासनिक अनुशासन और परिणामोन्मुख कार्यशैली के कारण एसडीएम सिद्धार्थ गुप्ता आमजन के बीच एक प्रभावी और सक्रिय अधिकारी के रूप में पहचान बना रहे हैं। प्रशासनिक हलकों में भी उनकी कार्यशैली को एक युवा, ऊर्जावान और प्रतिबद्ध अधिकारी के रूप में देखा जा रहा है, जो शासन की मंशा के अनुरूप कानून व्यवस्था और विकास कार्यों को समान प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाने में जुटे हैं।

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