ब्यूरो रिपोर्ट/राकेश त्रिपाठी सिंदुरिया महराजगंज
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जब संस्कार ज़िंदा हों, तब समाज खुद बेहतर बनता है।
महराजगंज (सिन्दुरिया थाना क्षेत्र):महराजगंज जनपद के सिन्दुरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम सभा सिन्दुरिया टोला मंगलापुर से एक सराहनीय और प्रेरणादायक घटना सामने आई है, जिसने समाज में ईमानदारी और नैतिक मूल्यों की मजबूत तस्वीर पेश की है। मंगलापुर निवासी शिक्षक विनोद यादव ने सड़क पर गिरे एक महंगे मोबाइल फोन को उसके वास्तविक स्वामी तक सुरक्षित पहुंचाकर मानवीय मूल्यों की अनूठी मिसाल कायम की है।
बताया जा रहा है कि शिक्षक विनोद यादव वर्तमान में एबीआरसी मिठौरा में एआरपी (अकादमिक रिसोर्स पर्सन) के पद पर कार्यरत हैं। सोमवार की सुबह वे बाइक से महराजगंज से सिन्दुरिया की ओर जा रहे थे। इसी दौरान जब वे धनेवा धनई स्थित केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी के आवास के सामने, महराजगंज स्टेडियम के पास पहुंचे, तो उन्हें सड़क पर पड़ा हुआ सैमसंग कंपनी का एक महंगा मोबाइल फोन दिखाई दिया, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 40 हजार रुपये बताई जा रही है।
ईमानदारी का परिचय देते हुए विनोद यादव ने मोबाइल को सुरक्षित अपने पास रख लिया और उसके मालिक की तलाश शुरू की। काफी देर तक मोबाइल पर कोई कॉल न आने के कारण उन्होंने अपने मित्रों और परिचितों के माध्यम से मोबाइल स्वामी की जानकारी जुटाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। लगभग दो घंटे बाद जब मोबाइल पर कॉल आई, तब उसके वास्तविक मालिक की पहचान आदित्य सिंह मनाकड़ के रूप में हुई।
बातचीत के दौरान आदित्य सिंह ने बताया कि वे सरस्वती देवी महाविद्यालय, निचलौल में उप-प्राचार्य के पद पर कार्यरत हैं। इसके बाद शिक्षक विनोद यादव ने बिना किसी लालच के मोबाइल को सुरक्षित रूप से उसके वास्तविक स्वामी को सौंप दिया।
अपना खोया हुआ मोबाइल पाकर आदित्य सिंह के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी। उन्होंने शिक्षक विनोद यादव का हृदय से धन्यवाद और आभार व्यक्त किया। इस ईमानदार और प्रशंसनीय कार्य की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में चारों ओर शिक्षक विनोद यादव की सराहना हो रही है।
यह घटना न केवल समाज के लिए प्रेरणास्रोत है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि आज भी हमारे बीच ऐसे लोग मौजूद हैं जो ईमानदारी और नैतिकता को सर्वोपरि मानते हैं।