रिपोर्ट राकेश त्रिपाठी प्रधान संपादक
महराजगंज: जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह के साथ गोसदन मधवलिया का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान पशु शेड, वर्मी कंपोस्ट इकाई, गोबर गैस प्लांट, बीमार पशु शेड तथा हरे चारे की उपलब्धता का अवलोकन किया गया।
निरीक्षण में गोबर गैस प्लांट खराब मिलने पर उसकी तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही अप्रयुक्त पशु शेडों की मरम्मत कर उनमें गोवंश को संरक्षित करने तथा गोसदन को पूर्ण क्षमता के साथ संचालित करने पर जोर दिया गया।
अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार गोसदन में कुल 570 गोवंश संरक्षित हैं। यहां 4000 कुंतल भूसा, 87 कुंतल पशु आहार तथा 216 कुंतल साइलेज उपलब्ध है। निरीक्षण के दौरान एक बीमार गोवंश की स्थिति की जानकारी लेते हुए नियमित स्वास्थ्य परीक्षण सुनिश्चित करने तथा पृथक बीमार पशु वार्ड के निर्माण के निर्देश दिए गए।
तीन अप्रयुक्त पशु शेडों को उपयोग में लाने के निर्देश देते हुए वर्मी कंपोस्ट उत्पादन की जानकारी ली गई। बताया गया कि स्वयं सहायता समूह की महिलाएं वर्मी कंपोस्ट का उत्पादन एवं बिक्री कर रही हैं, साथ ही गोबर से गोकाष्ठ भी तैयार किया जा रहा है। वर्मी कंपोस्ट की बिक्री बढ़ाने के लिए मार्केट लिंकेज और उपयुक्त प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
मंदिरों, अंत्येष्टि स्थलों और नगर निकायों में गोकाष्ठ की आपूर्ति हेतु कार्ययोजना बनाने पर भी जोर दिया गया। अर्धनिर्मित वर्मी कंपोस्ट शेड को शीघ्र पूर्ण कर उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
गोसदन को आत्मनिर्भर और मॉडल इकाई बनाने की संभावनाओं पर बल देते हुए विभिन्न गतिविधियों को मुख्य द्वार पर प्रदर्शित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही गैस बॉटलिंग प्लांट, मधुमक्खी पालन और गोबर पेंट जैसी आयवर्धक योजनाएं शुरू करने के लिए कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने गोवंश को गुड़, केला और चना खिलाया तथा पूजन भी किया। इस अवसर पर डीडीओ बी.एन. कन्नौजिया, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एजाज अहमद, एसडीएम निचलौल सिद्धार्थ गुप्ता, बीडीओ संतोष कुमार यादव सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।