रिपोर्ट ब्यूरो सिंदुरिया
महराजगंज/सिन्दुरिया: जिले के सिंदुरिया थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाने वाला एक और गंभीर मामला प्रकाश में आया है। क्षेत्र के भागाटार स्थित अग्रहरी रेस्टोरेंट को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है कि यह प्रतिष्ठान बाहरी तौर पर केवल एक व्यावसायिक दिखावा है, जबकि इसके भीतर अवैध और संदिग्ध गतिविधियों का काला कारोबार फल-फूल रहा है।
इस घटना ने एक बार फिर स्थानीय पुलिस प्रशासन के उन दावों पर बड़ा सवालिया निशान लगा दिया है, जिसमें अक्सर सोशल मीडिया (एक्स हैंडल) और आधिकारिक बयानों के जरिए यह दावा किया जाता है कि क्षेत्र में इस तरह की कोई भी अनैतिक गतिविधि संचालित नहीं हो रही है।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले:
स्थानीय नागरिकों के अनुसार, सिंदुरिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत इस तरह के मामलों का सामने आना कोई नया नहीं है। इससे पहले भी रेस्टोरेंट और कैफे की आड़ में इस तरह के अवैध धंधे प्रकाश में आते रहे हैं। इसके बावजूद स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली सुस्त नजर आ रही है, जिससे इस तरह के अवैध संचालन करने वालों के हौसले बुलंद हैं।
पुलिस के दावों और धरातल की हकीकत में भारी विरोधाभास:
एक तरफ जहां पुलिस प्रशासन और सोशल मीडिया पर महकमे के नुमाइंदे क्षेत्र को पूरी तरह सुरक्षित और अवैध गतिविधियों से मुक्त बताते हैं, वहीं दूसरी तरफ भागाटार जैसी जगहों पर इस तरह के मामलों का उजागर होना पुलिसिया दावों की पोल खोल रहा है। सवाल यह उठ रहा है कि क्या स्थानीय पुलिस को इन गतिविधियों की भनक नहीं थी, या फिर सब कुछ जानते हुए भी आंखें मूंदी जा रही हैं?
जनता में आक्रोश,
उच्चस्तरीय जांच की मांग:
क्षेत्र के लोगों और प्रबुद्ध नागरिकों ने इस गंभीर मामले पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है। लोगों ने जिला प्रशासन और पुलिस के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि भागाटार स्थित अग्रहरी रेस्टोरेंट की गहराई से जांच कराई जाए। स्थानीय जनता ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही ऐसे संचालकों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई नहीं की गई, तो जनता सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करने को बाध्य होगी।