*तकनीक का कमाल: महराजगंज पुलिस ने लौटाए 110 खोए मोबाइल, 35 लाख की संपत्ति बरामद; चार माह में 417 मोबाइल मालिकों तक पहुंचे!*

News 18 Plus /Bureau: Maharajganj

महराजगंज। पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी के निर्देशन में महराजगंज पुलिस की निगरानी (सर्विलांस) शाखा ने तकनीक आधारित पुलिसिंग का उत्कृष्ट उदाहरण पेश करते हुए 110 खोए हुए मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिए। बरामद मोबाइल फोनों की अनुमानित कीमत करीब 35 लाख रुपये बताई गई है।

 

पुलिस के अनुसार, पिछले चार महीनों में अब तक कुल 417 खोए हुए मोबाइल फोन बरामद किए जा चुके हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 25 लाख रुपये है। यह उपलब्धि आधुनिक तकनीक और त्वरित पुलिस कार्रवाई का परिणाम मानी जा रही है।

 

अंतरराष्ट्रीय मोबाइल पहचान संख्या (आईएमईआई) के आधार पर हुई बरामदगी

 

निगरानी शाखा ने अंतरराष्ट्रीय मोबाइल उपकरण पहचान संख्या (आईएमईआई) के आधार पर ट्रैकिंग, तकनीकी विश्लेषण तथा अन्य आधुनिक संसाधनों की सहायता से विभिन्न कंपनियों के मोबाइल फोन खोज निकाले। मोबाइल गुम होने की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने यह उल्लेखनीय सफलता हासिल की।

 

21 जुलाई 2026 को पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में मोबाइल स्वामियों को पुलिस कार्यालय बुलाया गया, जहां आवश्यक वैधानिक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उनके मोबाइल फोन उन्हें सौंप दिए गए। लंबे समय बाद अपना खोया मोबाइल वापस पाकर लोगों के चेहरे खुशी से खिल उठे। मोबाइल धारकों ने महराजगंज पुलिस और पुलिस अधीक्षक का आभार व्यक्त करते हुए इस पहल की सराहना की।

 

पुलिस अधीक्षक ने की टीम की सराहना, लोगों से की अपील

 

पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी ने निगरानी शाखा की पूरी टीम की सराहना करते हुए कहा कि जनता की छोटी से छोटी समस्या का त्वरित समाधान करना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में तकनीक आधारित पुलिसिंग बेहद आवश्यक है और केंद्रीय उपकरण पहचान रजिस्टर (सीईआईआर) पोर्टल के प्रभावी उपयोग से नागरिकों की संपत्ति की सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है।

 

उन्होंने नागरिकों से अपील की कि मोबाइल गुम या चोरी होने की स्थिति में तत्काल सीईआईआर पोर्टल पर मोबाइल को ब्लॉक कराएं तथा निकटतम थाना या निगरानी शाखा में शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते मोबाइल की बरामदगी सुनिश्चित की जा सके।

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