Bureau Report /News 18 Plus Rakesh Tripathi /Sinduriya /Chief Editor
महराजगंज/सिन्दुरिया: जनपद के सिन्दुरिया थाना क्षेत्र के बलुअही धूस में फल-फूल रहे अवैध गांजे के काले कारोबार पर आखिरकार बड़ा खुलासा हुआ है। मीडिया की संयुक्त टीम द्वारा किए गए एक खुफिया स्टिंग ऑपरेशन ने तस्करों और स्थानीय तंत्र की साठगांठ की पोल खोलकर रख दी है। इस पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश होने के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया है, वहीं स्थानीय नागरिकों का गुस्सा अब सातवें आसमान पर है।
कॉलेज के सामने से हटाकर बागीचे को बनाया नया ‘अड्डा’
सूत्रों के मुताबिक, मीडिया में लगातार आ रही खबरों के दबाव में आकर तस्करों ने केवल अपना पैंतरा बदला है, धंधा नहीं। पहले यह अवैध कारोबार सुशीला देवी इण्टर कॉलेज के ठीक सामने खुलेआम चल रहा था। स्टिंग ऑपरेशन और भनक लगते ही शातिर तस्करों ने कॉलेज के पास से हटकर बलुअही धूस चौराहे के ठीक दक्षिण में स्थित एक बागीचे को अपना नया ठिकाना बना लिया। अब उसी बागीचे में बेखौफ होकर गांजे की सप्लाई की जा रही है।
नशे के भंवर में बर्बाद हो रही युवा पीढ़ी:
बागीचे में सुबह से ही बाहरी और संदिग्ध तत्वों का तांता लगा रहता है। इस अवैध धंधे का सबसे बुरा असर क्षेत्र के स्कूली छात्रों और युवाओं पर पड़ रहा है। कई परिवार अपने चिरागों को नशे की अंधकारमयी गर्त में डूबते देख दांव पर लगे भविष्य को लेकर बेहद चिंतित हैं।
साक्ष्य सुरक्षित, अब कार्रवाई का इंतज़ार:
‘न्यूज़ 18 प्लस’ और ‘यूपी टाइम्स लाइव’ की संयुक्त टीम ने खुफिया ढंग से ऑडियो और वीडियो रिकॉर्डिंग हासिल की है। इसमें तस्करों के नाम, मोबाइल नंबर और लेनदेन के पुख्ता कॉल रिकॉर्डिंग्स पूरी गोपनीयता के साथ सुरक्षित रख लिए गए हैं।
जनता अब सीधे सवाल उठा रही है कि जब मीडिया की टीमें इन तस्करों तक पहुँच सकती हैं, तो स्थानीय पुलिस के खुफिया तंत्र को इसकी भनक तक क्यों नहीं लग रही? अब देखना यह होगा कि इन पुख्ता साक्ष्यों के सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन तस्करों पर शिकंजा कसता है या मामला ठंडे बस्ते में ही पड़ा रहता है।