विकास योजनाओं की प्रगति पर डीएम सख्त, एक वर्ष की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश।

न्यूज़ 18 प्लस ब्यूरो: महराजगंज

 

NFHS आंकड़ों के विश्लेषण, मॉडल ग्राम विकास, मिशन कायाकल्प, स्वच्छता अभियान और महिला समूहों के सशक्तिकरण पर विशेष जोर!

 

 

 

महराजगंज, 30 मई 2026। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने विकास भवन सभागार में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर जनपद में संचालित विकासपरक एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने आगामी एक वर्ष के लिए विभागवार लक्ष्य निर्धारित करते हुए प्रभावी एवं समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।

 

बैठक में आईसीडीएस, बेसिक शिक्षा, ग्राम्य विकास, पंचायतीराज, पशुपालन, वन विभाग, मनरेगा तथा राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की प्राथमिकताओं को धरातल पर परिणाम के रूप में प्रदर्शित करना सभी अधिकारियों की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने प्रत्येक विभाग को आगामी एक वर्ष के लिए स्पष्ट लक्ष्य, कार्ययोजना और अपेक्षित उपलब्धियों का प्रस्तुतीकरण तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

 

जिलाधिकारी ने राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (एनएफएचएस) के आंकड़ों का गहन अध्ययन कर कमजोर क्षेत्रों की पहचान करने तथा उनमें सुधार के लिए विशेष रणनीति तैयार करने को कहा। बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा में मिशन कायाकल्प के अंतर्गत सभी परिषदीय विद्यालयों को शत-प्रतिशत संतृप्त करने, नामांकन बढ़ाने, नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने पर बल दिया। साथ ही विद्यालयों में स्वच्छता, पुस्तकालय, खेल गतिविधियों और डिजिटल शिक्षण संसाधनों को बढ़ावा देने के निर्देश दिए।

 

ग्राम्य विकास एवं मनरेगा की समीक्षा के दौरान मनरेगा से निर्मित परिसंपत्तियों का भौतिक सत्यापन कराने तथा उन्हें पूर्ण रूप से क्रियाशील बनाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि मनरेगा कार्यों को जल संरक्षण, पौधारोपण, सामुदायिक परिसंपत्तियों और ग्रामीण आधारभूत ढांचे के विकास से जोड़ा जाए। परफॉर्मेंस ग्रांट प्राप्त ग्राम पंचायतों को मॉडल ग्राम के रूप में विकसित करने तथा एक माह के भीतर ग्राम पंचायतवार प्रस्तुतीकरण तैयार करने को कहा गया।

 

पंचायतीराज विभाग को सभी ग्राम पंचायतों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाने तथा ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए। वहीं निर्माणाधीन प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिटों को शीघ्र पूर्ण कर संचालन शुरू कराने पर जोर दिया गया।

 

पशुपालन विभाग की समीक्षा में गोसदन मधवलिया को जनपद का आदर्श गोसदन विकसित करने, निराश्रित गोवंशों के बेहतर संरक्षण, पर्याप्त चारे की उपलब्धता, स्वच्छता और पशु स्वास्थ्य सेवाओं को और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए।

 

एनआरएलएम की समीक्षा के दौरान महिला स्वयं सहायता समूहों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए बैंक लिंकेज, स्वरोजगार, विपणन और कौशल विकास गतिविधियों को गति देने पर बल दिया गया। साथ ही प्रत्येक विकास खंड में सफल स्वयं सहायता समूहों के मॉडल विकसित करने के निर्देश दिए गए।

 

वृक्षारोपण अभियान की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने पौधारोपण से पूर्व गड्ढों की खुदाई समय से पूर्ण कराने तथा पौधों की सुरक्षा और जीवितता प्रतिशत सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने सभी विभागों को कम से कम एक नवाचारी पहल लागू करने तथा योजनाओं की सफलता का मूल्यांकन आमजन को मिलने वाले वास्तविक लाभ के आधार पर करने के निर्देश दिए।

 

बैठक से पूर्व जिलाधिकारी ने विकास भवन परिसर का निरीक्षण कर नवनिर्मित सभागार को शीघ्र क्रियाशील बनाने तथा परिसर को स्वच्छ, हरित और जनोपयोगी बनाने के निर्देश भी दिए।

 

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह, प्रभागीय वनाधिकारी निरंजन सुर्वे राजेंद्र, जिला विकास अधिकारी भोलानाथ कन्नौजिया, परियोजना निदेशक राम दरश चौधरी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एजाज अहमद, उपायुक्त मनरेगा गौरवेंद्र सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *