रिपोर्ट नरसिंह उपाध्याय उपसंपादक
महराजगंज/सिसवा/कोठीभार।
जनपद के सिसवा क्षेत्र अंतर्गत कोठीभार थाना क्षेत्र में आधी रात को हो रहे संदिग्ध गतिविधियों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आरोप है कि रात करीब 2:30 बजे सबया दक्षिण टोला स्थित हिंदुस्तान पेट्रोलियम के एक पेट्रोल पंप पर नियमों को ताक पर रखकर डीज़ल-पेट्रोल की आपूर्ति की जा रही थी, जबकि निर्धारित समय के बाद तेल देना स्पष्ट रूप से नियमों का उल्लंघन माना जाता है।

स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस पेट्रोल पंप के संचालक महमूद अंसारी हैं, जहां देर रात तक गुपचुप तरीके से तेल दिया जाता है। हैरानी की बात यह है कि इस पूरे मामले में कोठीभार पुलिस की भूमिका संदेह के घेरे में है। आरोप है कि शिकायत (एप्लीकेशन) देने के बाद भी पुलिस ने सख्त कार्रवाई करने के बजाय केवल शांति भंग में चालान कर मामले को रफा-दफा कर दिया, जिससे पुलिस की निष्पक्षता पर सवाल उठने लगे हैं।
बड़ा सवाल:
जब रात में 112 नंबर पुलिस वाहन मौके पर पहुंची, तो अचानक पेट्रोल पंप क्यों बंद हो गया? क्या पहले से सूचना थी? या फिर यह सब मिलीभगत का हिस्सा है?
इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर क्षेत्र की जनता और किसान खासे नाराज़ हैं। किसानों का कहना है कि दिन में कंट्रोल लाइन और नियमों का हवाला देकर उन्हें समय पर डीज़ल-पेट्रोल नहीं दिया जाता, जबकि रात के अंधेरे में कुछ खास लोगों को खुलेआम सप्लाई की जा रही है।
जनता में आक्रोश, निष्पक्ष जांच की मांग
सबया दक्षिण टोला के ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। लोगों ने प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।
अब देखना यह होगा कि पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी इस पूरे मामले को कितनी गंभीरता से लेते हैं और कोठीभार पुलिस की भूमिका पर क्या कार्रवाई होती है। फिलहाल यह मामला पुलिस की कार्यशैली और पारदर्शिता पर एक बड़ा प्रश्नचिह्न बनकर उभर रहा है।